
रायगढ़। जिले के तमनार क्षेत्र से एक ऐसी सनसनीखेज खबर सामने आई है, जिसने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया है। ग्राम आमाघाट के सुनसान इलाके में छुपकर की जा रही अवैध अफीम की खेती का पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। बताया जा रहा है कि इस काली खेती की कीमत करीब 2 करोड़ रुपये आंकी गई है।
सूत्रों के मुताबिक, 19-20 मार्च की रात तमनार पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि आमाघाट के खर्राघाट भैर नाला किनारे एक खेत में बड़े पैमाने पर अफीम उगाई जा रही है। सूचना मिलते ही पुलिस ने बिना देर किए जाल बिछाया और आधी रात को रेड कार्रवाई को अंजाम दिया।
रेड के दौरान मचा हड़कंप, दो आरोपी अंधेरे में फरार
जैसे ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची, खेत में काम कर रहे लोगों में अफरा-तफरी मच गई। अंधेरे का फायदा उठाकर दो आरोपी मौके से फरार हो गए, जबकि एक शख्स को पुलिस ने धर दबोचा। पकड़े गए आरोपी की पहचान मार्शल संगा (40 वर्ष) के रूप में हुई, जो झारखंड का रहने वाला है।
पूछताछ में मार्शल ने चौंकाने वाला खुलासा किया—उसने बताया कि वह अपने साथियों इमानवेल भेंगरा और सीप्रियन भेंगरा के साथ मिलकर इस अवैध खेती को अंजाम दे रहा था।
60 हजार से ज्यादा पौधे… खेत में उग रही थी ‘नशे की फसल’
जब पुलिस और अन्य विभागों की टीम ने मौके की जांच की, तो वहां का नजारा देखकर सभी दंग रह गए। खेत में 60,326 अफीम के पौधे पाए गए, जिनका कुल वजन करीब 2877 किलोग्राम था। एफएसएल टीम ने जांच के बाद पुष्टि की कि यह फसल वास्तव में अफीम ही है।
घर से भी बरामद हुई लाखों की अफीम
पूछताछ के दौरान आरोपी ने खुलासा किया कि उसने कुछ तैयार अफीम अपने घर (ससुराल) में छुपा रखी है। पुलिस ने जब वहां छापा मारा, तो 3.02 किलोग्राम अफीम बरामद हुई, जिसकी कीमत करीब 15.10 लाख रुपये बताई जा रही है।
NDPS एक्ट के तहत केस दर्ज, फरार आरोपियों की तलाश जारी
पुलिस ने इस पूरे मामले में आरोपी मार्शल संगा सहित इमानवेल भेंगरा और सीप्रियन भेंगरा के खिलाफ NDPS एक्ट की धारा 8(B) और 18 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। फिलहाल फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है।
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