BREAKING: साय कैबिनेट की बैठक हुई शुरू, नक्सलवाद की समाप्ति के बाद बस्तर 2.0 प्रोजेक्ट को लेकर होगी चर्चा…
कैबिनेट के बंद दरवाजों के पीछे क्या पक रहा है? नक्सलवाद खत्म होते ही ‘बस्तर 2.0’ पर बड़ा फैसला, धान नीलामी पर भी मुहर के संकेत

रायपुर। छत्तीसगढ़ की सत्ता के सबसे अहम कमरे में हलचल तेज हो गई है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अध्यक्षता में मंत्रालय में कैबिनेट की बैठक शुरू होते ही कई बड़े फैसलों को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं। बंद दरवाजों के भीतर चल रही इस बैठक से निकलने वाले फैसले न सिर्फ प्रदेश की दिशा तय कर सकते हैं, बल्कि बस्तर के भविष्य की तस्वीर भी पूरी तरह बदल सकते हैं।
सूत्रों के मुताबिक, मंत्रिमंडलीय उप समिति द्वारा धान सरप्लस की नीलामी को लेकर लिया गया फैसला आज कैबिनेट की मुहर का इंतजार कर रहा है। अगर इस प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है, तो यह प्रदेश की आर्थिक नीति में बड़ा बदलाव साबित हो सकता है। इस निर्णय पर किसानों और बाजार दोनों की नजरें टिकी हुई हैं।
लेकिन असली नजरें जिस मुद्दे पर टिकी हैं, वह है ‘बस्तर 2.0’ प्रोजेक्ट। नक्सलवाद के सफाए के बाद सरकार अब बस्तर को एक नए रूप में ढालने की तैयारी में है। कैबिनेट में इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट को लेकर गहन चर्चा होने की संभावना है। यह प्रोजेक्ट सिर्फ विकास का प्लान नहीं, बल्कि उस बस्तर की नई कहानी लिखने की कोशिश माना जा रहा है, जो सालों तक हिंसा और डर की छाया में रहा।
अंदर चल रही चर्चा को लेकर अभी आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन संकेत साफ हैं कि फैसले बड़े और दूरगामी हो सकते हैं। अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि बैठक खत्म होने के बाद सरकार किन निर्णयों का ऐलान करती है और बस्तर के भविष्य की नई इबारत कैसी लिखी जाती है।
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