Raigarh News: स्वास्थ्य एवं महिला एवं बाल विकास विभाग की संयुक्त समीक्षा बैठक आयोजित, कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने कहा- आयुष्मान कार्ड से सभी पात्र हितग्राहियों को मिले बेहतर उपचार सुविधा

रायगढ़ May 19, 2026 • रिपोर्टर: raigarh top news
Raigarh News: स्वास्थ्य एवं महिला एवं बाल विकास विभाग की संयुक्त समीक्षा बैठक आयोजित, कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने कहा- आयुष्मान कार्ड से सभी पात्र हितग्राहियों को मिले बेहतर उपचार सुविधा

Raigarh News: स्वास्थ्य एवं महिला एवं बाल विकास विभाग की संयुक्त समीक्षा बैठक आयोजित, कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने कहा- आयुष्मान कार्ड से सभी पात्र हितग्राहियों को मिले बेहतर उपचार सुविधा

हाई रिस्क प्रेग्नेंसी की समय पर पहचान, एनआरसी बच्चों की सतत मॉनिटरिंग पर दिया जोर

महतारी वंदन योजना के ई-केवाईसी कार्य में तेजी लाने के निर्देश

मातृ-शिशु स्वास्थ्य, संस्थागत प्रसव, पोषण ट्रैकर एवं महिला-बाल विकास योजनाओं की कलेक्टर ने की विस्तृत समीक्षा

 

रायगढ़, 19 मई 2026/ कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने जिले में स्वास्थ्य सेवाओं एवं महिला-बाल विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर स्वास्थ्य एवं महिला एवं बाल विकास विभाग की संयुक्त समीक्षा बैठक ली। जिला कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित बैठक में कलेक्टर ने विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों की प्रगति की विस्तारपूर्वक समीक्षा करते हुए अधिकारियों को सभी जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक समय पर एवं सरलता से पहुंचाने के निर्देश दिए। बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्री अभिजीत बबन पठारे, अपर कलेक्टर डॉ. प्रियंका वर्मा, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अनिल कुमार जगत, जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास श्री एल.आर.कच्छप सहित संबंधित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर ने कहा कि आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत सभी पात्र मरीजों को बेहतर एवं समय पर उपचार सुविधा उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने बताया कि आयुष्मान भारत योजना के तहत पात्र परिवारों को प्रतिवर्ष 5 लाख रुपए तक का कैशलेस उपचार उपलब्ध कराया जाता है। उन्होंने सभी सूचीबद्ध स्वास्थ्य केंद्रों में मरीजों को आयुष्मान कार्ड योजना का लाभ सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा करते हुए संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने तथा गर्भवती महिलाओं की नियमित स्वास्थ्य जांच सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने विशेष रूप से सुदूर वनांचल क्षेत्रों लैलूंगा एवं धरमजयगढ़ में हाई रिस्क प्रेग्नेंसी की समय पर पहचान एवं नियमित स्क्रीनिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि गर्भवती माताओं एवं नवजात शिशुओं को समय पर बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मिल सके।
कलेक्टर ने राष्ट्रीय पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) की समीक्षा के दौरान कुपोषित बच्चों के स्वास्थ्य सुधार के बाद भी उनकी नियमित मॉनिटरिंग एवं फॉलोअप सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बच्चों के पालकों से सतत संपर्क बनाए रखा जाए, ताकि बच्चों का स्वास्थ्य निरंतर बेहतर बना रहे। यूनिसेफ के सहयोग से कुपोषण मुक्ति के लिए कार्ययोजना पर भी चर्चा की गई। बैठक में मातृ-शिशु स्वास्थ्य कार्यक्रम, एएनसी एवं प्रसव सेवाएं, पूर्ण टीकाकरण, चिरायु कार्यक्रम, टीबी नियंत्रण, कुष्ठ उन्मूलन, राष्ट्रीय अंधत्व एवं अल्प दृष्टि नियंत्रण कार्यक्रम, एकीकृत रोग निगरानी, सिकल सेल नियंत्रण एवं एनसीडी कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
महिला एवं बाल विकास विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने महतारी वंदन योजना अंतर्गत ई-केवाईसी कार्य को मिशन मोड में पूर्ण करने के निर्देश दिए। बैठक में पोषण ट्रैकर एप अंतर्गत फेस कैप्चर, ग्रोथ मॉनिटरिंग, टीएचआर वितरण एवं एचसीएम वितरण की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने पीएमएमवीवाई योजना, आभा आईडी एवं अपार आईडी निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने महिला स्व-सहायता समूहों द्वारा निर्मित रेडी टू ईट वितरण, पूरक पोषण कार्यक्रम एवं निर्माणाधीन आंगनबाड़ी भवनों की प्रगति की समीक्षा करते हुए सभी कार्यों को गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण कराने के लिए कहा। साथ ही आंगनबाड़ी केंद्रों में मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता की जानकारी लेते हुए शौचालय, पेयजल एवं विद्युत व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

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