मुख्यमंत्री साय की कैबिनेट बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय

छत्तीसगढ़ December 3, 2025 • रिपोर्टर: raigarh top news
मुख्यमंत्री साय की कैबिनेट बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय

मुख्यमंत्री साय की कैबिनेट बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय

मुख्यमंत्री साय की कैबिनेट बैठक में महत्वपूर्ण निर्णय

  1. घरेलू विद्युत उपभोक्ताओं के लिए बिजली बिल में राहत, M-URJA अभियान लागू।

  2. 200 यूनिट तक 50% छूट, 400 यूनिट तक खपत वाले भी लाभान्वित।

  3. 42 लाख उपभोक्ताओं को फायदा, पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना का लाभ भी।

  4. स्थानीय लघु एवं सूक्ष्म उद्योगों से क्रय को बढ़ावा, जेम पोर्टल में पारदर्शिता।

  5. शिक्षा और व्यापार सुधार हेतु निजी विश्वविद्यालय व दुकान-स्थापना अधिनियम में संशोधन।

    रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज मंत्रालय महानदी भवन में हुई कैबिनेट की बैठक में राज्य के घरेलू विद्युत उपभोक्ताओं के लिए राहत और कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।

    मुख्यमंत्री ऊर्जा राहत जन अभियान (M-URJA)
    बैठक में सबसे बड़ा फैसला मुख्यमंत्री ऊर्जा राहत जन अभियान (M-URJA) को राज्य में 01 दिसंबर 2025 से लागू करने का लिया गया। इसके तहत घरेलू विद्युत उपभोक्ताओं को बिजली बिल में राहत मिलेगी। अब 100 यूनिट से बढ़ाकर 200 यूनिट प्रति माह तक बिजली खपत पर 50 प्रतिशत छूट दी जाएगी।

    • 400 यूनिट तक खपत करने वाले उपभोक्ताओं को भी यह लाभ मिलेगा।

    • अगले एक वर्ष तक 200 से 400 यूनिट तक खपत वाले 6 लाख उपभोक्ता 50 प्रतिशत छूट का लाभ उठा सकेंगे।

    • कुल मिलाकर इस योजना से प्रदेश के 42 लाख उपभोक्ता लाभान्वित होंगे।

    इसके अलावा, इस योजना के साथ प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना का लाभ भी उपभोक्ताओं को मिलेगा। इस योजना में राज्य सरकार की सब्सिडी के तहत:

    • 1 किलोवॉट क्षमता के सोलर प्लांट पर 15,000 रुपये

    • 2 किलोवॉट या उससे अधिक क्षमता के प्लांट पर 30,000 रुपये

    उपभोक्ताओं को सौर ऊर्जा अपनाने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा, जिससे भविष्य में हाफ बिजली से फ्री बिजली की ओर कदम बढ़ाया जा सकेगा।

    अन्य महत्वपूर्ण निर्णय

    1. छत्तीसगढ़ भण्डार क्रय नियम, 2002 में संशोधन: स्थानीय लघु एवं सूक्ष्म उद्योगों से क्रय को प्रोत्साहन देने तथा जेम पोर्टल में क्रय प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए सुधार किए गए। इससे समय और संसाधनों की बचत होगी, प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और प्रक्रिया सरल होगी।

    2. छत्तीसगढ़ निजी विश्वविद्यालय (संशोधन) विधेयक, 2025: मंत्रिपरिषद ने इसके प्रारूप को मंजूरी दी।

    3. छत्तीसगढ़ दुकान एवं स्थापना (संशोधन) विधेयक, 2025: ईज ऑफ डूइंग बिजनेस और रोजगार को बढ़ावा देने के लिए इस अधिनियम में संशोधन को मंजूरी दी गई।

     

खबर शेयर करें: