“राज्य स्तरीय मंच पर गूँजे रायगढ़ के सुर, वैदिक इंटरनेशनल स्कूल ने जीता द्वितीय स्थान”राज्य स्तरीय संस्कृत समूह गान प्रतियोगिता में द्वितीय स्थान प्राप्त कर रचा गौरवपूर्ण अध्याय

रायगढ़ October 13, 2026 • रिपोर्टर: raigarh top news
“राज्य स्तरीय मंच पर गूँजे रायगढ़ के सुर, वैदिक इंटरनेशनल स्कूल ने जीता द्वितीय स्थान”राज्य स्तरीय संस्कृत समूह गान प्रतियोगिता में द्वितीय स्थान प्राप्त कर रचा गौरवपूर्ण अध्याय

“राज्य स्तरीय मंच पर गूँजे रायगढ़ के सुर, वैदिक इंटरनेशनल स्कूल ने जीता द्वितीय स्थान”राज्य स्तरीय संस्कृत समूह गान प्रतियोगिता में द्वितीय स्थान प्राप्त कर रचा गौरवपूर्ण अध्याय

रायगढ़। कला, संगीत और संस्कृति की समृद्ध परंपरा के लिए विख्यात रायगढ़ की प्रतिष्ठा को वैदिक इंटरनेशनल स्कूल के विद्यार्थियों ने प्रदेश स्तर पर एक नई ऊँचाई प्रदान की है। रायपुर में आयोजित राज्य स्तरीय समूह गान प्रतियोगिता की संस्कृत समूह गान विधा में विद्यालय के विद्यार्थियों ने अपनी उत्कृष्ट प्रस्तुति के बल पर द्वितीय स्थान प्राप्त कर विद्यालय के साथ-साथ पूरे रायगढ़ जिले को गौरवान्वित किया।
रायगढ़ की पहचान सदैव कला-साधना, संगीत और सांस्कृतिक चेतना की भूमि के रूप में रही है। वैदिक इंटरनेशनल स्कूल के विद्यार्थियों ने प्रदेश की राजधानी रायपुर के प्रतिष्ठित मंच पर अपनी प्रतिभा का प्रभावशाली प्रदर्शन कर इस पहचान को एक बार फिर सार्थक किया। उनकी प्रस्तुति में संस्कृत भाषा की गरिमा, भारतीय संस्कृति की सुगंध और संगीत की मधुरता का सुंदर समन्वय देखने को मिला।

विशेष उल्लेखनीय तथ्य यह रहा कि विद्यालय के नन्हे विद्यार्थियों ने वरिष्ठ माध्यमिक स्तर के प्रतिभागियों के साथ प्रतिस्पर्धा करते हुए यह उल्लेखनीय सफलता अर्जित की। विद्यार्थियों की शुद्ध स्वर-साधना, सुस्पष्ट संस्कृत उच्चारण, लयबद्धता, अनुशासन तथा अद्भुत सामूहिक सामंजस्य ने निर्णायक मंडल और उपस्थित जनसमूह को प्रभावित किया।

संस्कृत समूह गान में गीतांजलि सिदार, अद्वितीया सिदार, हनी श्रीवास, दीपाश्री दुबे, रुचिता पटेल एवं मानसी देवांगन ने अपने सुमधुर स्वरों से प्रस्तुति को विशिष्ट बनाया। वहीं वाद्य-संगत में आर्यन डनसेना ने नाल, अनिक यादव ने हारमोनियम तथा रक्षित संदिया ने तबला पर कुशल संगत प्रदान कर प्रस्तुति को और अधिक प्रभावशाली बनाया।
इस गौरवपूर्ण उपलब्धि के पीछे विद्यालय के संगीत शिक्षक श्री नौसागर चौधरी की साधना, अथक परिश्रम, सूक्ष्म प्रशिक्षण और विद्यार्थियों के प्रति समर्पित मार्गदर्शन की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनके निर्देशन में विद्यार्थियों ने निरंतर अभ्यास कर राज्य स्तरीय मंच पर अपनी प्रतिभा की ऐसी छाप छोड़ी, जिसने विद्यालय और रायगढ़ दोनों का मान बढ़ाया।

विद्यालय के प्राचार्य श्री राजीव रंजन सिंह ने इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए विद्यार्थियों एवं संगीत शिक्षक को हार्दिक बधाई दी। उन्होंने कहा, “रायगढ़ कला और संगीत की भूमि के रूप में अपनी विशिष्ट पहचान रखता है। हमारे विद्यार्थियों ने रायपुर के राज्य स्तरीय मंच पर अपनी प्रतिभा से इस पहचान को सार्थक किया है। यह उपलब्धि केवल विद्यालय की नहीं, बल्कि पूरे रायगढ़ जिले के लिए गौरव का विषय है।”

उन्होंने कहा कि वैदिक इंटरनेशनल स्कूल अपनी पहचान केवल नाम से नहीं, बल्कि अपने कार्य, संस्कार और विद्यार्थियों की उपलब्धियों से स्थापित करता है। विद्यालय का निरंतर प्रयास है कि प्रत्येक विद्यार्थी की अंतर्निहित प्रतिभा को पहचानकर उसे ऐसा मंच प्रदान किया जाए, जहाँ वह शिक्षा के साथ कला, संगीत, संस्कृति और जीवन-मूल्यों के क्षेत्र में भी उत्कृष्टता प्राप्त कर सके।

विद्यालय परिवार ने सभी प्रतिभागी विद्यार्थियों, उनके अभिभावकों तथा संगीत शिक्षक श्री नौसागर चौधरी को इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
“रायगढ़ की सांस्कृतिक धरा से उठे इन बाल स्वरों ने जब प्रदेश के मंच पर अपनी गूँज बिखेरी, तो उपलब्धि केवल पदक नहीं रही—वह पूरे अंचल के गौरव की स्वर-लहरी बन गई।”

खबर शेयर करें: