तमनार-मीलूपारा-कुंजारा-उरबा-लैलूंगा मार्ग को वित्त विभाग से मिली 74 करोड़ से अधिक की स्वीकृति, वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने पूरी की बहुप्रतीक्षित मांग

रायगढ़ September 13, 2026 रिपोर्टर: raigarh top news
तमनार-मीलूपारा-कुंजारा-उरबा-लैलूंगा मार्ग को वित्त विभाग से मिली 74 करोड़ से अधिक की स्वीकृति, वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने पूरी की बहुप्रतीक्षित मांग

तमनार-मीलूपारा-कुंजारा-उरबा-लैलूंगा मार्ग को वित्त विभाग से मिली 74 करोड़ से अधिक की स्वीकृति, वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने पूरी की बहुप्रतीक्षित मांग

 

कांग्रेस शासनकाल में जनता सड़क सुविधा से अछूती रही, साय सरकार में मिली मंजूरी से चिकित्सा, शिक्षा और व्यापार को मिलेगी नई गति

रायगढ़:- लैलूंगा विधानसभा क्षेत्र के विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाया गया है। क्षेत्र की सबसे महत्वपूर्ण और बहुप्रतीक्षित सड़क परियोजना तमनार-मीलूपारा-कुंजारा-उरबा-लैलूंगा मार्ग, जिसकी कुल लंबाई 23.20 किलोमीटर है, के निर्माण कार्य के लिए वित्त विभाग द्वारा 7415.18 लाख रुपये की वित्तीय सहमति प्रदान कर दी गई है। इस स्वीकृति के साथ ही क्षेत्र के हजारों ग्रामीणों का बरसों पुराना सपना साकार होने जा रहा है।

इस मार्ग के निर्माण की मांग लम्बे समय से लगातार की जा रही थी। यह मार्ग तमनार औद्योगिक क्षेत्र को लैलूंगा से सीधे जोड़ने वाला एकमात्र प्रमुख मार्ग है, लेकिन जर्जर स्थिति के कारण लोगों को आवागमन में अत्यंत कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। विशेषकर बरसात के दिनों में इस मार्ग पर चलना जान जोखिम में डालने जैसा होता था। आश्चर्य की बात यह है कि पूर्ववर्ती भूपेश बघेल सरकार के पूरे पांच साल के कार्यकाल के दौरान भी कांग्रेस के स्थानीय जनप्रतिनिधि अपने विधान सभा क्षेत्र की इस महत्वपूर्ण मार्ग को मंजूरी नहीं दिला पाए, जिसके कारण यह मांग केवल आश्वासनों तक ही सीमित रह गई थी।

भाजपा की साय सरकार के गठन के बाद क्षेत्रीय जनता ने एक बार फिर अपनी इस मांग को प्रमुखता से उठाया। मामले को गंभीरता से लेते हुए क्षेत्रीय विधायक एवं प्रदेश के वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने इस परियोजना को अपनी प्राथमिकता में शामिल किया। उन्होंने न केवल प्रस्ताव को शासन स्तर पर मजबूती से रखा बल्कि वित्त मंत्री के तौर पर स्वयं इसकी वित्तीय स्वीकृति प्रदान कर जन भावना का सम्मान किया है। उनके इस प्रयास से यह स्पष्ट होता है कि साय सरकार विकास को कागजों से निकालकर धरातल पर उतारने के लिए प्रतिबद्ध है। इस सड़क के निर्माण से क्षेत्र में मूलभूत सुविधाओं में क्रांतिकारी परिवर्तन आएगा। चिकित्सा के क्षेत्र में आपातकालीन स्थिति में मरीजों को त्वरित गति से लैलूंगा, तमनार और जिला मुख्यालय रायगढ़ के बड़े अस्पतालों तक पहुंचाया जा सकेगा, जिससे कई अनमोल जानें बचाई जा सकेंगी। शिक्षा के क्षेत्र में स्कूली छात्र-छात्राओं और महाविद्यालयीन विद्यार्थियों का सफर सुगम और सुरक्षित होगा। वहीं व्यापार और कृषि के क्षेत्र में भी इस सड़क से नई संभावनाएं खुलेंगी। किसानों को अपनी उपज को मंडियों तक ले जाने में आसानी होगी और स्थानीय व्यापार को भी विस्तार मिलेगा। कुल मिलाकर यह सड़क केवल एक सड़क नहीं, बल्कि क्षेत्र के समग्र विकास की जीवन रेखा साबित होगी।

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