बस्तर में होने जा रहा है ऐतिहासिक आयोजन! राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की एंट्री से बढ़ी हलचल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
बस्तर पंडुम 2026 में राष्ट्रपति और गृहमंत्री की मौजूदगी, जनजातीय संस्कृति के महाकुंभ की तैयारी तेज

बस्तर।
बस्तर की धरती एक बार फिर इतिहास रचने की तैयारी में है। जनजातीय संस्कृति, कला और लोकपरंपराओं के सबसे बड़े उत्सव ‘बस्तर पंडुम 2026’ में देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के आगमन की पुष्टि हो चुकी है। राष्ट्रपति के साथ-साथ केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह भी इस भव्य आयोजन में शिरकत करेंगे। वीवीआईपी आगमन की खबर के बाद पूरे बस्तर में प्रशासनिक हलचल और सुरक्षा तैयारियां तेज हो गई हैं।
🎭 10 जनवरी से शुरू होगा बस्तर पंडुम 2026
बस्तर पंडुम का आयोजन इस वर्ष 10 जनवरी से 5 फरवरी 2026 तक किया जाएगा। यह आयोजन तीन चरणों में संपन्न होगा—
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🟢 जनपद स्तरीय कार्यक्रम: 10 से 20 जनवरी
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🟡 जिला स्तरीय कार्यक्रम: 24 से 29 जनवरी
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🔴 संभाग स्तरीय कार्यक्रम: 2 से 6 फरवरी
👉 संभाग स्तरीय कार्यक्रम में ही राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और गृहमंत्री अमित शाह शामिल होंगे, जिसे लेकर तैयारियां युद्धस्तर पर शुरू कर दी गई हैं।
🎶 सीएम ने किया लोगो और थीम सॉन्ग लॉन्च
इससे पहले 2 जनवरी को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दंतेवाड़ा में बस्तर पंडुम का आधिकारिक लोगो और थीम गीत लॉन्च किया। सीएम ने कहा कि बस्तर पंडुम सिर्फ एक उत्सव नहीं, बल्कि जनजातीय अस्मिता और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक है।
🌍 विदेशी मेहमानों की भी हो सकती है एंट्री
इस बार बस्तर पंडुम को अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने की भी तैयारी है। जानकारी के अनुसार, भारत के विभिन्न देशों में पदस्थ भारतीय राजदूतों को भी आमंत्रित करने पर चर्चा हुई है, ताकि वे बस्तर की अनोखी संस्कृति, परंपराओं और जनजातीय जीवनशैली को करीब से देख सकें।
🚨 सुरक्षा से लेकर व्यवस्थाएं चाक-चौबंद
राष्ट्रपति और गृहमंत्री के आगमन को देखते हुए
🔒 सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं
📍 आयोजन स्थलों पर विशेष निगरानी
👮♂️ अतिरिक्त बलों की तैनाती की तैयारी
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