धान खरीदी में बड़ा धमाका! कलेक्टर का सख्त वार
फर्जीवाड़े की परतें खुलते ही गिरी गाज— दो धान खरीदी केंद्रों के प्रभारी सस्पेंड, नई नियुक्तियों की लिस्ट जारी

बलरामपुर।
छत्तीसगढ़ में धान खरीदी को लेकर उठ रहे सवालों के बीच अब प्रशासन का कड़ा रुख सामने आ गया है। बलरामपुर जिले में धान खरीदी केंद्रों पर सामने आए फर्जीवाड़े और गंभीर अनियमितताओं के बाद कलेक्टर ने ऐसा एक्शन लिया है, जिससे पूरे सिस्टम में हड़कंप मच गया है।
⚠️ जांच में फंसे ये धान खरीदी केंद्र
बलरामपुर जिले में धान खरीदी के लिए कुल 49 उपार्जन केंद्र बनाए गए हैं। अब तक जिले में लगभग 16 लाख क्विंटल धान की खरीदी हो चुकी है।
इसी बीच धंधापुर और कामेश्वर नगर धान खरीदी केंद्रों से लगातार शिकायतें सामने आ रही थीं।
खाद्य विभाग की जांच में इन दोनों केंद्रों पर गंभीर अनियमितताएं उजागर हुईं। रिपोर्ट मिलते ही कलेक्टर ने बिना देर किए तत्काल प्रभाव से दोनों खरीदी प्रभारियों को सस्पेंड/हटा दिया।
📝 अब नई नियुक्तियों से संभलेगा सिस्टम
कलेक्टर ने यह भी सुनिश्चित किया कि कार्रवाई से धान खरीदी प्रक्रिया प्रभावित न हो। इसी के तहत—
-
दोनों केंद्रों पर नए खरीदी प्रभारियों की नियुक्ति कर दी गई है
-
पूरी प्रक्रिया पर कड़ी निगरानी के निर्देश दिए गए हैं
प्रशासन का कहना है कि आगे किसी भी तरह की गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
🔥 धान खरीदी पर अब ‘जीरो टॉलरेंस’
लगातार सामने आ रहे घोटालों और शिकायतों के बीच यह कार्रवाई स्पष्ट संदेश देती है—
धान खरीदी में लापरवाही या फर्जीवाड़ा किया, तो कुर्सी जाएगी।
❓ सवाल जो अब भी बाकी हैं
क्या यह कार्रवाई सिर्फ शुरुआत है?
और क्या अन्य जिलों में भी इसी तरह के फर्जीवाड़ों पर गाज गिरेगी?
📰 बलरामपुर की यह कार्रवाई अब पूरे छत्तीसगढ़ के धान खरीदी सिस्टम के लिए चेतावनी बन चुकी है…
|
|
|
|
![]() |
![]() |
| ||






