आधी रात का खेल बेनकाब! ओडिशा का धान रायगढ़ में खपाने की बड़ी साजिश नाकाम, 120 कट्टे जब्त, FIR से कोचियों में हड़कंप

छत्तीसगढ़ December 19, 2025 रिपोर्टर: raigarh top news
आधी रात का खेल बेनकाब! ओडिशा का धान रायगढ़ में खपाने की बड़ी साजिश नाकाम, 120 कट्टे जब्त, FIR से कोचियों में हड़कंप

आधी रात का खेल बेनकाब! ओडिशा का धान रायगढ़ में खपाने की बड़ी साजिश नाकाम, 120 कट्टे जब्त, FIR से कोचियों में हड़कंप

रायगढ़।
खरीफ विपणन वर्ष 2025–26 में धान खरीदी को लेकर प्रशासन की सख्ती अब रंग दिखाने लगी है। मंगलवार देर रात रायगढ़ जिले की सीमा पर उस वक्त सनसनी फैल गई, जब प्रशासन ने ओडिशा का धान छत्तीसगढ़ में खपाने की कोशिश को ऐन मौके पर नाकाम कर दिया। इस कार्रवाई में दो कोचिए और दो वाहन चालकों पर एफआईआर दर्ज की गई है, जबकि 120 कट्टा अवैध धान जब्त कर लिया गया है।

यह कार्रवाई कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक के सख्त निर्देश पर डिस्ट्रिक्ट इंटीग्रेटेड कमांड कंट्रोल सेंटर की संयुक्त टीम द्वारा की गई। प्रशासन की इस कार्रवाई से धान कोचियों और बिचौलियों में हड़कंप मच गया है।


आधी रात की घेराबंदी, दो वाहन पकड़े गए

गुप्त सूचना के आधार पर टीम ने पाकरगांव से लैलूंगा मार्ग पर औचक निरीक्षण किया। इस दौरान वाहन क्रमांक OD15N 9399 और OD16N 3755 को रोका गया। जांच में सामने आया कि दोनों पिकअप वाहन बिना वैध दस्तावेज के धान का परिवहन कर रहे थे।

वाहन चालकों की पहचान सुनील कुमार यादव (ग्राम जमुना) और निरंजन यादव (ग्राम डोंगादरहा) के रूप में हुई, जो बिना वैध ड्राइविंग लाइसेंस वाहन चला रहे थे। वहीं मौके पर मौजूद कोचिए शेखर जायसवाल और कृष्णा जायसवाल की भूमिका भी सामने आई।


120 बोरी धान, फर्जी बिक्री की थी तैयारी

तलाशी में प्रत्येक वाहन से 60-60 बोरी, कुल 120 बोरी धान बरामद हुआ। प्रारंभिक जांच में स्पष्ट हुआ कि यह धान ओडिशा राज्य का है, जिसे छत्तीसगढ़ के किसानों के नाम पर धान उपार्जन केंद्रों में बेचने की योजना बनाई गई थी। इस साजिश से शासन को करीब 1 लाख 86 हजार रुपये की आर्थिक क्षति पहुंच सकती थी।


पहले भी पकड़ा गया था वही वाहन

चौंकाने वाली बात यह है कि वाहन क्रमांक OD16N 3755 को इससे पहले भी 10 दिसंबर 2025 को 69 बोरी अवैध धान के साथ पकड़ा गया था। तब इसे जब्त कर 15 दिसंबर को मुक्त किया गया था, लेकिन इसके बावजूद दोबारा वही खेल दोहराया गया। इससे आरोपियों की नियत और नेटवर्क दोनों साफ हो गए।


कानून का उल्लंघन, कड़ी कार्रवाई

प्रशासन ने दोनों वाहनों को धान सहित जब्त कर थाना परिसर में सुरक्षित रखा है। मामले को भारतीय न्याय संहिता और संचालनालय खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण के निर्देशों का उल्लंघन मानते हुए एफआईआर दर्ज कर कड़ी कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।


कलेक्टर का सख्त संदेश: कोई नहीं बचेगा

कलेक्टर ने साफ कहा है कि किसानों के हितों से खिलवाड़ करने वालों और सरकारी योजनाओं का दुरुपयोग करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। जिले में 24 घंटे सतत निगरानी जारी है और आगे भी ऐसे मामलों पर तुरंत कार्रवाई होगी।


सीमा से सटे जिले में अलर्ट मोड

रायगढ़ की सीमा ओडिशा से लगी होने और छत्तीसगढ़ में 3100 रुपये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य मिलने के कारण बाहरी धान खपाने की कोशिशें लगातार हो रही हैं। लेकिन प्रशासन की सख्ती ने यह साफ कर दिया है कि अब एक भी कट्टा बचकर नहीं निकल पाएगा

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