छत्तीसगढ़

स्टार्ट-अप युवा उद्यमियों के नवाचारों से मिलेगी छत्तीसगढ़ और देश को नई दिशा: डॉ. रमन सिंह

मुख्यमंत्री ने किया ‘किफायती नवाचार सम्मेलन का शुभारंभ’

रायगढ़ टॉप न्यूज/रायपुर, 13 अप्रैल 2018। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कहा है कि छत्तीसगढ़ के पहले स्टार्टअप इन्क्यूबेशन सेंटर ‘36 इंक‘ के शुभारंभ के साथ ही राज्य में एक नये दौर की शुरूआत हो रही है। इस केंद्र के माध्यम से युवा स्टार्ट-अप उद्यमियों को अपने नवाचारों और विचारों को लाभदायक व्यापार के रूप में विकसित करने का बेहतर अवसर मिलेगा। युवाओं के नवाचारों से छत्तीसगढ़ और देश को नई दिशा मिलेगी।

मुख्यमंत्री ने आज यहां वाणिज्य और उद्योग विभाग द्वारा आयोजित ‘किफायती नवाचार सम्मेलन’ का शुभारंभ करते हुए इस आशय के विचार व्यक्त किए। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवाओं में प्रतिभा की कमी नहीं है। समस्याओं के समाधान और व्यापार के नये क्षेत्रों में नवाचार के लिए युवाओं के पास अनेक रचनात्मक विचार हैं। इस केंद्र की शुरूआत से उन्हें अच्छे अवसर और स्टार्ट अप को विकसित करने के लिए अच्छा वातावरण मिलेगा। मुख्यमंत्री ने बताया कि आज इस कार्यक्रम के पहले इस इन्क्यूबेशन सेंटर के शुभारंभ के अवसर पर वहां 150 युवा बच्चों से मिलने का मौका मिला। उनके पास अनेक नवाचारी विचार हैं और इन विचारों को उन्होंने विकसित भी किया है। युवा उद्यमी स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि, जैविक खेती और खेलों के क्षेत्र में नये-नये नवाचारों पर काम कर रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि स्टार्टअप के क्षेत्र में असीम संभावनाएं हैं। नक्सल समस्या से प्रभावित बस्तर में ड्रोन के माध्यम से निगरानी, बस्तर के अंदरूनी इलाकों में बेहतर स्वास्थ्य और बच्चों की शिक्षा की सुविधा उपलब्ध कराने में स्टार्टअप काफी मदद कर सकते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य के मोबाइल एप्लीकेशन की सहायता से शिशु मृत्यु दर, मातृ मृत्यु दर और कुपोषण को कम करने में मदद मिल सकती है। डॉ. सिंह ने कहा कि छत्तीसगढ़ देश का पावर हब है। स्टार्टअप के माध्यम से बिजली की बचत, सौर ऊर्जा के बेहतर उपयोग और स्ट्रीट लाइट को नियंत्रित करने जैसे कार्याें में मदद मिल सकती है। ऐसी ही छोटी-छोटी बातें जीवन बदल देती हैं। मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री सुरेश प्रभु को अटल इनोवेशन मिशन में छत्तीसगढ़ को शामिल करने के लिए धन्यवाद दिया। उन्होंने इस अवसर पर मोबाइल एप्लीकेशन डेव्हलपमेंट सेंटर रायपुर की 36 इंक के साथ पाटर्नरशिप का शुभारंभ किया।

केन्द्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री सुरेश प्रभु ने वीडियो संदेश के माध्यम से छत्तीसगढ़ में स्टार्ट-अप इंक्यूबेशन सेंटर प्रारंभ होने पर बधाई और शुभकामनाएं दीं। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री अमर अग्रवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ की नवाचार नीति का शुभारंभ किया था। इस नीति और उद्योग नीति में राज्य सरकार ने स्टार्ट अप के लिए अनेक योजनाएं हैं। उन्होंने बताया कि स्टार्ट-अप के लिए प्रदेश के सभी जिलों से चार हजार आवेदन बूट कैम्प में मिले थे। वर्तमान में 90 स्टार्ट-अप का पंजीयन किया गया है। राज्य में वर्तमान में पांच स्टार्ट अप 300 लोगों को रोजगार उपलब्ध करा रहे हैं। आज प्रारंभ हुए इंक्यूबेशन सेंटर से युवा उद्यमियों को बेहतर अवसर मिलेंगे। मुख्य सचिव श्री अजय सिंह ने कहा कि किफायती नवाचार के माध्यम से कम संसाधनों से अधिक लाभ वाले स्थाई उद्यम विकसित किए जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि स्टार्ट-अप उद्यमों के बाजार में बने रहने के लिए उत्पाद की कम लागत, स्थायित्व और गुणवत्ता महत्वपूर्ण है। सूचना और प्रौद्योगिक विभाग के प्रमुख सचिव श्री अमन कुमार सिंह ने कहा कि निजी क्षेत्र और शासकीय क्षेत्र में यदि नवाचार नहीं करते हैं तो लम्बे समय तक स्थायित्व मिलना संभव नहीं है। नवाचार के माध्यम से नई-नई परिस्थितियों के लिए स्वयं को तैयार रखना जरूरी है। उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ में किए गए नवाचारों का उदाहरण भी दिया।

श्री अमन कुमार सिंह ने विशेष रूप से बस्तर में नवाचार के माध्यम से हुए विकास कार्यों और सार्वजनिक-निजी क्षेत्र-राज्य सरकार की भागीदारी से प्रदेश में रेल नेटवर्क के विस्तार के किए जा रहे कार्यों का उल्लेख किया। अटल इनोवेशन मिशन के निदेशक श्री रमन्न रामनाथन ने कहा कि इंक्यूबेटर सेंटर के माध्यम से युवा स्टार्ट-अप उद्यमियों को विशेषज्ञों, तकनीकी, व्यवसाय की योजना के साथ-साथ आर्थिक मदद भी उपलब्ध होगी। वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह, संचालक श्रीमती अलरमेलमंगई डी ने भी अपने विचार प्रकट किए। इस अवसर पर सूचना प्रौद्योगिकी विभाग के सचिव श्री संजय शुक्ला, छत्तीसगढ़ इन्फोटेक प्रमोशन सोसायटी के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एलेक्स पाल मेनन सहित युवा उद्यमी, उद्योगपति और देश-विदेश से आए विशेषज्ञ बड़ी संख्या में उपस्थित थे।

advertisement advertisement advertisement advertisement advertisement

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Close
Close